
परवाणू (सोलन)। बढ़ती आगजनी के हादसों के बाद भी उद्योग संचालकों ने सबक नहीं सीखा है। परवाणू में हुए अग्निशमन विभाग के सर्वे के मुताबिक यहां करीब पचास फीसदी उद्योगों में अग्निशमन विभाग की एनओसी एक्सपायर हो चुकी है। सुरक्षा उपकरणों को रिफीलिंग करवाने में उद्योगपति परहेज कर रहे हैं।
अग्निशमन विभाग के मुताबिक परवाणू में करीब 500 उद्योग हैं। 250 उद्योगों के संचालकों ने अग्निशमन विभाग ने अनापत्ति पत्रों का नवीनीकरण नहीं करवाया है। उद्योगों में हो रही आगजनी की घटनाओं के बाद भी उद्योगपति उद्योगों की सुरक्षा को अनदेखा कर रहे हैं। उद्योग स्थापित करने से पहले उद्योगपति एक बार अग्निशमन विभाग से एनओसी प्राप्त उद्योग शुरू तो कर देते हैं, लेकिन एनओसी का दूसरी बार नवीनीकरण नहीं करवाते हैं। परवाणू में दमकल विभाग के इंचार्ज हंसराज के अनुसार 50 प्रतिशत उद्योगों के पास विभाग का अनापत्ति पत्र नहीं है। जिन उद्योगों में फायर सुरक्षा उपकरण लगे भी हैं, वह इन्हें रीफिल करवाना जरूरी नहीं समझते। उन्होंने उद्योगपतियों को हिदायत दी है कि उद्योगों को आगजनी से बचाने के लिए एनओसी का नवीनीकरण जल्द करवाएं।
